TRAVEL HERE ➤
LATEST POSTS LOADING...

ऋषिकेश के ये 7 आश्रम दर्शनीय योग्य These 7 ashrams of Rishikesh are worth visiting

TRAVEL HERE   ➤
TLA
By Travel Life Angel Updated: May 13, 2026
f 𝕏 +

यहां गंगा तट के खूबसूरत नजारों के अलावा आसपास फैले जंगल, पहाड़ और झरने आकर्षण का केंद्र हैं। खास बात यह है कि ऋषिकेश (Rishikesh Tourism) तथा आसपास क्षेत्र में कई स्थान ऐसे हैं, जहां बेहद कम खर्च पर सैलानी अपनी छुट्टिया बिता सकते हैं।कई आश्रम और अन्न क्षेत्रों में तो निर्धन श्रद्धालुओं व तीर्थयात्रियों के लिए निश्शुल्क भोजन और आवास की सुविधा भी उपलब्ध है। यहां आप भी अपनी सामर्थ्य के अनुसार दान-पुण्य कर इन तीर्थयात्रियों और श्रद्धालुओं की सेवा का पुण्य लाभ ले सकते हैं।

ऋषिकेश के 7 आश्रम

  • परमार्थ निकेतन: यह सबसे बड़े आश्रमों में से एक है और योग, ध्यान और गंगा आरती के लिए प्रसिद्ध है।
  • शिवानंद आश्रम: स्वामी शिवानंद द्वारा स्थापित यह आश्रम डिवाइन लाइफ सोसाइटी के नाम से भी जाना जाता है और निःशुल्क योग और ध्यान की कक्षाएं प्रदान करता है।
  • स्वामी दयानंद आश्रम: यह वेदांत और संस्कृत शिक्षा के लिए जाना जाता है और यहाँ एक पुस्तकालय और गंगा नदी का दृश्य भी है।
  • वानप्रस्थ आश्रम: जानकी सेतु के पास स्थित यह आश्रम ध्यान और योग के लिए एक शांत वातावरण प्रदान करता है।
  • फूल चट्टी आश्रम: यह 7-दिवसीय योगा रिट्रीट के लिए प्रसिद्ध है और 1885 में स्थापित किया गया था।
  • साधना मंदिर: “लिविंग विद द हिमालयन मास्टर्स” के लेखक स्वामी राम ने इसकी स्थापना की थी और यह 5,000 साल पुरानी हिमालयी परंपरा में ध्यान सिखाता है।
  • गीता भवन: यह स्वर्ग आश्रम क्षेत्र में स्थित एक विशाल और पवित्र आश्रम है जो भक्तों को निःशुल्क आवास और भोजन की सुविधा प्रदान करता है। 

Also read – ऋषिकेश के सुंदर पयर्टन स्थल Beautiful tourist places of Rishikesh

आश्रमों में ध्यान रखने योग्य बातें

  • आश्रम के नियमों और विनियमों का पालन करें।
  • शालीन और आरामदायक कपड़े पहनें।
  • अधिकांश आश्रम केवल शाकाहारी भोजन ही प्रदान करते हैं।
  • पालतू जानवरों की अनुमति नहीं होती है, इसलिए पहले से पूछताछ करें। 
See also  Indian Destinations to visit in August 2025

1 परमार्थ निकेतन आश्रम

ऋषिकेश से करीब पांच किमी की दूरी पर स्वर्गाश्रम क्षेत्र में धर्म और अध्यात्म से जुड़े व्यक्तियों के लिए परमार्थ निकेतन आश्रम (Parmarth Niketan Ashram) ठहरने के लिए एक बेहतरीन जगह है। यहां प्रतिदिन संध्याकाल में होने वाली गंगा आरती विश्व प्रसिद्ध है।गुरुकुल के ऋषिकुमारों के साथ यहां संगीतमय वातावरण में गंगा आरती देखने के लिए देश-विदेश से श्रद्धालु पहुंचते हैं। परमार्थ निकेतन आश्रम का वातावरण भी बेहद शांत और आध्यात्मिक है। यहां हिंदू देवी-देवताओं की मूर्तियों की झांकियां भी आकर्षण का केंद्र है। यहां आवास तथा सात्विक भोजन भी उपलब्ध हो जाता है। इसके लिए आपको अपनी इच्छानुसार आश्रम में दान करना होता है। आप आश्रम के कार्यों में स्वंसेवक के रूप में भी काम में हाथ बंटा सकते हैं।

2 गीता आश्रम स्वर्गाश्रम

स्वर्गाश्रम में स्थित गीता भवन आश्रम (Geeta Ashram Swargashram) एक विशाल स्थान में फैला आश्रम है। यहां यात्रियों के ठहने के लिए सैकड़ों कमरे हैं। मुख्य रूप से यह साधु संतों के ठहरने की जगह है। अगर आप अध्यात्म से जुड़े हुए हैं तो आपको भी यहां रुकने और खाने पीने की सुविधा मिल सकती है। यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में साधु-संत और तीर्थयात्री लंगर में भोजन ग्रहण करते हैं। यह एक धार्मिक स्थल है और यहां बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं।

3 जयराम आश्रम ऋषिकेश

जयराम आश्रम ऋषिकेश (Jairam Ashram Rishikesh) में हरिद्वार मार्ग पर स्थित है। इस आश्रम में ठहरने के लिए कमरे तथा प्रतिदिन निश्शुल्क लंगर की व्यवस्था है। यहां बड़ी संख्या में तीर्थयात्री व साधु-संत पहुंचते हैं। खास बात यह है कि यह आश्रम ऋषिकेश शहर के बीच और त्रिवेणी घाट के निकट स्थित है।आश्रम के ठीक नीचे त्रिवेणी घाट के दोनों ओर पांच से सात किमी लंबा आस्था पथ स्थित है, जो प्रात: और संध्यकाल में भ्रमण के लिए सबसे बेहतर स्थान है।

See also  14 best places to visit in India on a low budget

Also read – Rishikesh TRIP – ऋषिकेश आपकी के ट्रिप को बना देंगी यादगार

4 भगवान आश्रम ऋषिकेश

ऋषिकेश में रेलवे रोड पर स्थित भगवान आश्रम  (Bhagwan Ashram Rishikesh)भी आध्यात्मिक व्यक्तियों के लिए ठहरने के लिए बेहतर स्थान है। यहां भी प्रतिदिन साधु-संत व यात्रियों के लिए लंगर की व्यवस्था की जाती है। शहर के बीच स्थित होने के कारण यह स्थान सबसे उपयुक्त है।यहां ठहरे व्यक्ति पैदल ही रेलवे स्टेशन, चारधाम यात्रा बस टर्मिनल कंपाउंड, ऋषिकेश बाजार तथा त्रिवेणी घाट पहुंच सकते हैं।

5 गुरुद्वारा श्री हेमकुंड साहिब मैनेजमेंट ट्रस्ट

ऋषिकेश से लक्ष्मणझूला मार्ग पर स्थित गुरुद्वारा श्री हेमकुंड साहिब के मैनेजमेंट ट्रस्ट (Gurdwara Shri Hemkund Sahib Management Trust) की ओर से संचालित किया जाता है। यहां भव्य गुरद्वारा स्थित है। इसके अलावा बलिदानी सिखों की झांकी और इससे जुड़े इतिहास को देखने के लिए यहां बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। बड़े भू-भाग में फैले इस गुरुद्वारे में आवास तथा भोजन की बेहद सुंदर व्यवस्था है। श्री हेमकुंड साहिब के कपाट खुलने पर यात्रियों का मुख्य पड़ाव यही गुरुद्वारा होता है। यहां पूरे वर्ष भर निश्शुल्क लंगर और आवास उपलब्ध रहते हैं।

6 निर्मल आश्रम ऋषिकेश

निर्मल आश्रम (Nirmal Ashram Rishikesh) भी ऋषिकेश की एक प्रतिष्ठित धार्मिक संस्था है। यहां साधु-संत और तीर्थयात्रियों के लिए निश्शुल्क आवास तथा भोजन की व्यवस्था उपलब्ध है। ऋषिकेश के मायाकुंड क्षेत्र में स्थित निर्मल आश्रम में गुरुद्वारा भी मैजूद है। यहां से कुछ ही मीटर की दूरी पर ऋषिकेश का प्रसिद्ध त्रिवेणी घाट स्थित है। निर्मल आश्रम का ऋषिकेश शिक्षा तथा स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय योगदान है। निर्मल हास्पिटल, निर्मल दीपमाला पब्लिक स्कूल इसी संस्था की ओर से संचालित किए जाते हैं। इनके अलावा निर्मल ज्ञानदान अकादमी स्कूल निर्धन छात्रों को निश्शुल्क आधुनिक शिक्षा देने वाला स्कूल है। यहीं नहीं महिलाओं के लिए सिलाई सेंटर भी निर्मल आश्रम की ओर से संचालित किया जा रहा है।

7 यह आश्रम भी है खास

See also  टॉप बेस्ट वॉटरफॉल इन डल झील Top Best Waterfall in Dal Lake

ऋषिकेश में ही कई अन्य आश्रम और अन्न क्षेत्र भी स्थित हैं। जहां आवास तथा भोजन की सुविधाएं निशुल्क  अथवा दान स्वरूप किए जाने वाले खर्च पर उपलब्ध हैं। बाबा कमलीवाला अन्न क्षेत्र पंजाब सिंध क्षेत्र लक्ष्मणझूला मार्ग पर कबीना चौरा आश्रम शीशमझाड़ी में गंगा तट पर स्थित स्वामी दयानंद आश्रम स्वामी नारायण आश्रम स्वर्गाश्रम में वानप्रस्थ आश्रम गीता भवन

लोकप्रिय आकर्षण

  • लक्ष्मण झूला और राम झूला: ये ऋषिकेश के दो प्रसिद्ध झूले हैं जो गंगा नदी के ऊपर बने हुए हैं और आपको शानदार नज़ारे देते हैं।
  • त्रिवेणी घाट: यह गंगा नदी के किनारे एक पवित्र घाट है जहाँ आप शाम को आरती में भाग ले सकते हैं।
  • बीटल्स आश्रम: यह एक पुरानी और ऐतिहासिक जगह है, जो बीटल्स बैंड के प्रवास के लिए प्रसिद्ध है।
  • नीलकंठ महादेव मंदिर: यह एक बहुत ही प्रसिद्ध और पूजनीय शिव मंदिर है जो ऋषिकेश से लगभग 32 किमी दूर है।
  • शिवानंद आश्रम: यह आश्रम भी एक लोकप्रिय आध्यात्मिक स्थल है। 

Leave a Comment